सौर ऊर्जा प्लांट के लिए भूमि तैयार करने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। जयपुर के हीरापुरा निवासी अंशुल पुत्र राधेराम गोदारा ने जोधपुर निवासी नीतिन शर्मा, गाजियाबाद निवासी राजीव रंजन गुरु तथा आरआरईएल कंपनी के कोलकाता निवासी लक्ष्मीपंत शेखानी, उनकी पत्नी रेखा शेखानी और पुत्र प्रतीक शेखानी के खिलाफ सेरूणा थाना में मामला दर्ज करवाया है।
परिवादी ने पुलिस को बताया कि उसकी कंपनी एग्रोसन एनर्जी लैंड डवलपर्स के साथ आरोपियों ने पूनरासर व राजपुरा के बीच 125 बीघा भूमि पर 35 मेगावॉट के सौर ऊर्जा प्लांट का कार्य निर्माणाधीन बताकर धोखाधड़ी की। आरोपियों ने यह प्रोजेक्ट दिखाकर पब्लिक इश्यू लाने और निवेश आकर्षित करने की योजना बनाई थी।
अंशुल ने बताया कि आरोपियों ने जालसाजी करते हुए लीजशुदा भूमि पर आगामी 29 वर्षों तक 7 से 9 करोड़ रुपये किराया चुकाने की जिम्मेदारी उसकी कंपनी पर डाल दी। इतना ही नहीं, उन्होंने बड़े सरकारी खर्च से बने ग्रिड सब स्टेशन से जुड़ी 35 मेगावॉट विद्युत कनेक्टिविटी अपनी कंपनी के नाम पर रिजर्व करवा ली, जिससे राष्ट्रीय संपत्ति को भी नुकसान पहुंचा।
परिवादी ने बताया कि आरोपियों ने 80 लाख रुपये उधार लेकर अमानत में खयानत की और गलत तथ्य बताकर उसकी कंपनी के साथ धोखाधड़ी की। इस कार्रवाई से उसकी कंपनी की आर्थिक स्थिति, सामाजिक प्रतिष्ठा और मानसिक शांति को गहरा नुकसान पहुंचा है। सेरूणा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।

























